"तुम फरमाते रहो ..
कहानियां अपनी सफलता की ..
मुझे दो रोटी कमाने घर से निकलना है !
तुम सुनाते रहो ...
शोखियाँ मोहब्बतों की ...
मुझे दो रोटी कमाने घर से निकलना है !
तुम बताते रहो ..
बातें देश बदलने की ..
मुझे दो रोटी कमाने घर से निकलना है !
कभी मन करे तो ...
मेरे साथ खेत पे चलना !
दो रोटी कमाने का हुनर ..
तुम्हें भी सिखा दूंगा !! "