Friday, October 31, 2014

ज़माने के रंग!

मैंने .. हर रोज .. जमाने को .. रंग बदलते देखा है ....
उम्र के साथ .. जिंदगी को .. ढंग बदलते देखा है .. !!

वो .. जो चलते थे .. तो शेर के चलने का .. होता था गुमान..
उनको भी .. पाँव उठाने के लिए .. सहारे को तरसते देखा है !!

जिनकी .. नजरों की .. चमक देख .. सहम जाते थे लोग ..
उन्ही .. नजरों को .. बरसात .. की तरह ~~ रोते देखा है .. !!

जिनके .. हाथों के .. जरा से .. इशारे से .. टूट जाते थे ..पत्थर ..
उन्ही .. हाथों को .. पत्तों की तरह .. थर थर काँपते देखा है .. !!

जिनकी आवाज़ से कभी .. बिजली के कड़कने का .. होता था भरम ..
उनके .. होठों पर भी .. जबरन .. चुप्पी का ताला .. लगा देखा है .. !!

ये जवानी .. ये ताकत .. ये दौलत ~~ सब ख़ुदा की .. इनायत है ..
इनके .. रहते हुए भी .. इंसान को ~~ बेजान हुआ देखा है ... !!

अपने .. आज पर .. इतना ना .. इतराना ~~ मेरे .. युवा यारों ..
वक्त की धारा में .. अच्छे अच्छों को ~~ मजबूर हुआ देखा है .. !!!

कर सको......तो किसी को खुश करो......दुःख देते ........तो हजारों को देखा है......

Thursday, October 30, 2014

यह कैसी दिल्ली है मेरे भाई!

यह कैसी दिल्ली है भाई,
हमको समझ नहीं आई,

पहाड़ गंज में पहाड़ नहीं,

धुला कुआँ में कुआँ नहीं,

दरियागंज में दरिया नहीं,

इन्द्रलोक में परियां नहीं,

गुलाबी बाग में गुलाबी नहीं,

चांदनी चौक में चांदनी नहीं,

पुरानी दिल्ली में नई सड़क,

नई दिल्ली में पुराना किला,

कश्मीरी गेट में कश्मीर नहीं,

अजमेरी गेट में अजमेर नहीं,

यह कैसी दिल्ली है भाई,

हमको समझ नहीं आई.....

����

Monday, October 27, 2014

Good Morning Zindagi!

नयन का नयन से, नमन हो रहा है
लो उषा का आगमन हो रहा है

परत दर परत, चांदनी कट रही है
तभी तो निशा का, गमन हो रहा है

क्षितिज पर अभी भी हैं, अलसाये सपने
पलक खोल कर भी, शयन हो रहा है

झरोखों से प्राची की पहली किरण का
लहर से प्रथम आचमन हो रहा है

हैं नहला रहीं, हर कली को तुषारें
लगन पूर्व कितना जतन हो रहा है

वहीं शाख पर पँक्षियों का है कलरव
प्रभाती-सा लेकिन, सहन हो रहा है

बढ़ी जा रही जिस तरह से अरुणिमा
है लगता कहीं पर हवन हो रहा है

मधुर मुक्त आभा, सुगंधित पवन है
नये दिन का कैसा सृजन हो रहा है।   

सुप्रभात!

Saturday, October 25, 2014

Sister's are necessary!

कैसी भी हो एक
बहन होनी चाहिये..........।
.
बड़ी हो तो माँ- बाप से बचाने वाली.
छोटी हो तो हमारे पीठ पिछे छुपने वाली..........॥
.
बड़ी हो तो चुपचाप हमारे पाँकेट मे पैसे रखने वाली,
छोटी हो तो चुपचाप पैसे निकाल लेने वाली.........॥
.
छोटी हो या बड़ी,
छोटी- छोटी बातों पे लड़ने वाली,एक बहन होनी चाहिये.......॥
.
बड़ी हो तो ,गलती पे हमारे कान खींचने वाली,
छोटी हो तो अपनी गलती पर,साँरी भईया कहने
वाली...
खुद से ज्यादा हमे प्यार करने वाली एक बहन होनी चाहिये.... ....॥
��भाईदूज की अग्रिम शुभकामनाय��े

Wednesday, October 22, 2014

क्या होली क्या दिवाली!

पटाखो कि दुकान से दूर हाथों मे,
कुछ सिक्के गिनते मैने उसे देखा...

एक गरीब बच्चे कि आखों मे,
मैने दिवाली को मरते देखा.

थी चाह उसे भी नए कपडे पहनने की...
पर उन्ही पूराने कपडो को मैने उसे साफ करते देखा.

तुमने देखा कभी चाँद पर बैठा पानी?
मैने उसके रुखसर पर बैठा देखा.

हम करते है सदा अपने ग़मो कि नुमाईश...
उसे चूप-चाप ग़मो को पीते देखा.

थे नही माँ-बाप उसके..
उसे माँ का प्यार और पापा के हाथों की कमी महसूस करते देखा.

जब मैने कहा, "बच्चे, क्या चहिये तुम्हे"?
तो उसे चुप-चाप मुस्कुरा कर "ना" मे सिर हिलाते देखा.

थी वह उम्र बहुत छोटी अभी...
पर उसके अंदर मैने ज़मीर को पलते देखा

रात को सारे शहर की दीपो की लौ मे...
मैने उसके हसते, मगर बेबस चेहरें को देखा.

हम तो ज़िंदा है अभी शान से यहा.
पर उसे जीते जी शान से मरते देखा.

नामकूल रही दिवाली मेरी...
जब मैने ज़िन्दगी के इस दूसरे अजीब से पहलु को देखा.

कोई मनाता है जश्न
और कोई रहता है तरस्ता...

मैने वो देखा..
जो हम सब ने देख कर भी नही देखा.

लोग कहते है, त्योहार होते है ज़िन्दगी  मे खुशियों के लिए,

तो क्यो मैने उसे मन ही मन मे घुटते  और तरस्ते देखा?

शुभ दीपावली!
गौरव!

Wednesday, October 15, 2014

Happy Deepawali!

दो भाई साथ साथ खेती करते थे।
मशीनों की भागीदारी और
चीजों का व्यवसाय किया करते थे। चालीस
साल के साथ के बाद एक
छोटी सी ग़लतफहमी की वजह से उनमें पहली बार
झगडा हो गया था झगडा दुश्मनी में बदल
गया था।
एक सुबह एक बढई बड़े भाई से काम मांगने आया. बड़े
भाई ने कहा "हाँ ,मेरे पास तुम्हारे लिए काम हैं।
उस तरफ देखो, वो मेरा पडोसी है, यूँ
तो वो मेरा भाई है, पिछले हफ्ते तक हमारे
खेतों के बीच घास का मैदान हुआ करता था पर
मेरा भाई बुलडोजर ले आया और अब हमारे खेतों के
बीच ये खाई खोद दी, जरुर उसने मुझे परेशान करने
के लिए ये सब किया है अब मुझे उसे
मजा चखाना है, तुम खेत के चारों तरफ बाड़
बना दो ताकि मुझे उसकी शक्ल
भी ना देखनी पड़े."
"ठीक हैं", बढई ने कहा।
बड़े भाई ने बढई को सारा सामान लाकर दे
दिया और खुद शहर चला गया, शाम
को लौटा तो बढई का काम देखकर भौंचक्का रह
गया, बाड़ की जगह वहा एक पुल था जो खाई
को एक तरफ से दूसरी तरफ जोड़ता था. इससे पहले
की बढई कुछ कहता, उसका छोटा भाई आ गया।
छोटा भाई बोला "तुम कितने दरियादिल हो ,
मेरे इतने भला बुरा कहने के बाद भी तुमने हमारे
बीच ये पुल बनाया, कहते कहते उसकी आँखे भर आईं
और दोनों एक दूसरे के गले लग कर रोने लगे. जब
दोनों भाई सम्भले तो देखा कि बढई जा रहा है।
रुको! मेरे पास तुम्हारे लिए और भी कई काम हैं,
बड़ा भाई बोला।
मुझे रुकना अच्छा लगता ,पर मुझे ऐसे कई पुल और
बनाने हैं, बढई मुस्कुराकर बोला और अपनी राह
को चल दिया.
दिल से मुस्कुराने के लिए जीवन में पुल की जरुरत
होती हैं खाई की नहीं।
छोटी छोटी बातों पर अपनों से न रूठें।
"दीपावली आ रही है घरेलू रिश्तों के साथ साथ
सभी दोस्ती के रिश्तों पर जमी धूल भी साफ
कर लेना, खुशियाँ चार गुनी हो जाएंगी"
आने वाली दीपावली आप सभी के लिए
खुशियाँ ले कर आए!

Wednesday, October 8, 2014

Believe Hinduism!

22 Reasons To Believe Hinduism Is Based On Science

            वृक्ष
People are advised to worship Neem and Banyan tree in the morning. Inhaling the air near these trees, is good for health.

           योग
If you are trying to look ways for stress management, there can’t be anything other than Hindu Yoga aasan Pranayama (inhaling and exhaling air slowly using one of the nostrils).

          प्रतिष्ठान
Hindu temples are built scientifically. The place where an idol is placed in the temple is called ‘Moolasthanam’. This ‘Moolasthanam’ is where earth’s magnetic waves are found to be maximum, thus benefitting the worshipper.

           तुलसी
Every Hindu household has a Tulsi plant. Tulsi or Basil leaves when consumed, keeps our immune system strong to help prevent the H1N1 disease.

              मन्त्र
The rhythm of Vedic mantras, an ancient Hindu practice, when pronounced and heard are believed to cure so many disorders of the body like blood pressure.

           तिलक
Hindus keep the holy ash in their forehead after taking a bath, this removes excess water from your head.

          कुंकुम
Women keep kumkum bindi on their forehead that protects from being hypnotised.

           हस्त ग्रास
Eating with hands might be looked down upon in the west but it connects the body, mind and soul, when it comes to food.

           पत्तल
Hindu customs requires one to eat on a leaf plate. This is the most eco-friendly way as it does not require any chemical soap to clean it and it can be discarded without harming the environment.banana; palash leaves

           कर्णछेदन
Piercing of baby’s ears is actually part of acupuncture treatment. The point where the ear is pierced helps in curing Asthma.

           हल्दी
Sprinkling turmeric mixed water around the house before prayers and after. Its known that turmeric has antioxidant, antibacterial and anti-inflammatory qualities.

             गोबर
The old practice of pasting cow dung on walls and outside their house prevents various diseases/viruses as this cow dung is anti-biotic and rich in minerals.

                गोमूत्र
Hindus consider drinking cow urine to cure various illnesses. Apparently, it does balance bile, mucous and airs and a remover of heart diseases and effect of poison.

               शिक्षा
The age-old punishment of doing sit-ups while holding the ears actually makes the mind sharper and is helpful for those with Autism, Asperger’s Syndrome, learning difficulties and behavioural problems.

             दिया 
Lighting ‘diyas’ or oil or ghee lamps in temples and house fills the surroundings with positivity and recharges your senses.

              जनेऊ
Janeu, or the string on a Brahmin’s body, is also a part of Acupressure ‘Janeu' and keeps the wearer safe from several diseases.

              तोरण
Decorating the main door with ‘Toran’- a string of mangoes leaves;neem leaves;ashoka leaves actually purifies the atmosphere.

            चरणस्पर्श
Touching your elder’s feet keeps your backbone in good shape.

             चिताग्नि
Cremation or burning the dead, is one of the cleanest form of disposing off the dead body.

                ॐ
Chanting the mantra ‘Om’ leads to significant reduction in heart rate which leads to a deep form of relaxation with increased alertness.

       हनुमान चालीसा
Hanuman Chalisa, according to NASA, has the exact calculation of the distance between Sun and the Earth.

              शंख
The ‘Shankh Dhwani’ creates the sound waves by which many harmful germs, insects are destroyed. The mosquito breeding is also affected by Shankh blowing and decreases the spread of malaria.
Jai Shree Krishna

मौका न मिलेगा दोबारा!

ईश्वर आज अवकाश पर है
ना मंदिर की घंटी बजाइये...
जो बैठा है बूढ़ा
अकेला पार्क में,
उसके साथ समय बिताइये...

ईश्वर है पीड़ित परिवार के साथ,
जो अस्पताल में परेशान है,
उस पीड़ित परिवार की मदद कर आइये...

जो मर गया हो किसी के परिवार में कोई,
उस परिवार को सांत्वना दे आइये...

एक चौराहे पर खड़ा युवक काम की तलाश में,
उसे रोजगार के अवसर दिलाइये...

ईश्वर है चाय कि दुकान पर,
उस अनाथ बच्चे के साथ,
जो कप प्लेट धो रहा है,
पाल सकते हैं,
पढ़ा सकते हैं, तो पढ़ाइये...

एक बूढ़ी औरत है,
जो दर दर भटक रही है,
एक अच्छा सा लिबास दिलाइये,
हो सके तो किसी नारी आश्रम छोड़ आइये...

ईश्वर आज अवकाश पर है
ना मंदिर की घंटी बजाइये...

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Trust and the Faith!

 कहानी तीन बेस्ट दोस्तों की
                 
                 ज्ञान  ,  धन  
                      और
                    विश्वास
            तीनों बहुत अच्छे दोस्त 
                      भी थे
               तीनों में बहुत प्यार
                      भी था
                एक वक़्त आया
                       जब
                    तीनों को
                जुदा होना पड़ा
             तीनों ने एक दुसरे से
                 सवाल किया
                       कि
                हम कहाँ मिलेंगे
                  ज्ञान ने कहा
                        मैं
       मंदिर  , मस्जिद  ,  विद्यालय
                        मैं
                     मिलूँगा
                  धन ने कहा
                        मैं
             अमीरों के पास मिलूँगा
                    विश्वास
                    चुप था
             दोनों ने चुप होने की
                   वजह पुछी
                       तो
                    विश्वास ने
                  रोते हुवे कहा
                        मैं
              एक बार चला ग़या
                        तो
                फिर कभी नही
                      मिलूँगा...

The Best Day for the Pray!

One day, a young boy asked an old man, ''Sir which is the best day to pray?"

The wise old man replied, "My son, the  best day to pray is the day beforeyou die."

The boy was astonished & replied, "Sir how can l know the day of my death?

And the old man answered, "Nobody knows the day of his death, that's why we need to pray every day."

Bus and the lightening!

Bus and lightening..

A bus full of passengers was travelling while suddenly the weather changed and there was a huge downpour and lightening all around.

They could see that the lightening would appear to come towards the bus and then go elsewhere.

After 2 or 3 instances, the driver stopped the bus about fifty feet away from a tree and said -

"We have somebody in the bus whose death is a certainty today.
Because of that person everybody else will also get killed.

I want each person to go one-by-one and touch the tree trunk and come back. Whom so ever death is certain will get caught up by the lightening and will die.

But everybody else will be saved".

They had to force the 1st person to go and touch the tree and come back.

He reluctantly got down from the bus and went and touched the tree.

His heart leaped with joy when nothing happened and he was still alive.

This continued for rest of the passengers who were all relieved when they touched the tree and nothing happened.

When the last passengers turn came, everybody looked at him with accusing eyes.

This passenger was also very afraid and reluctant.

Everybody forced him to get down and go and touch the tree.

With a fear of death, the last passenger walked to the tree and touched it.

There was a huge sound of thunder and the lightening came down and hit the bus - yes the lightening hit the bus, and killed each and every passenger inside the bus.

It was because of the presence of this last passenger that earlier, the entire bus was safe and the lightening could not strike the bus.

Sometimes we try to take credit for our achievements, but this could also be because of a person right next to us.

Look around you -
Probably someone is there around you, in the form of Parents, spouse children, siblings, friends, etc, who are saving you
From harm!

Think About it..

भीख!

"ता उम्र अर्ध्य दे कर सूरज को.....
मांगता रहा -ज़िन्दगी में तेज, ओज और प्रकाश....
उसने आंच जलन और चकाचोंध से  सराबोर कर दिया ज़िन्दगी को! "

मत माँगा कर दूसरों से भीख में रहमत और ख़ुशी.....
वो सूखी दिलासा दे कर विदा कर देंगे...
यकीं कर अपनी जद्दोजहद पर....
यकीं कर अपने जीवट पर......
याद रख -
वो अकेला ही खड़ा हो गया था ;उस ईश्वर के सामने....
जो धरती पे गंगा उतार कर लाया था! "

Saturday, October 4, 2014

वाह रे बेईमान!

जो पढ़ सके न खुद, किताब मांग रहे है,
खुद रख न पाए, वे हिसाब मांग रहे है।
जो कर सके न साठ साल में कोई विकास देश का, वे सौ दिनों में जवाब मांग रहे है।

आज गधे गुलाब मांग रहे है, चोर लुटेरे इन्साफ मांग रहे है।
जो लुटते रहे देश को 60 सालों तक,
सुना है आज वो 1OO दिन का हिसाब मांग रहे है?

जब 3 महीनो में पेट्रोल की कीमते 7 रुपये तक कम हो जाये,
जब 3 महीनो में डॉलर 68 से 60 हो जाये,
जब 3 महीनो में सिलिंडर की कीमते कम हो जाये,
जब 3 महीनो में बुलेट ट्रैन भारत में चलाये जाने को सरकार की हरी झंडी मिल जाये,
जब 3 महीनो में सभी सरकारी कर्मचारी समय पर ऑफिस पहुचने लग जाये,
जब 3 महीनो में काले धन वापसी पर कमिटी बन जाये,
जब 3 महीनो में पाकिस्तान को एक करारा जवाब दे दिया जाए,
जब 3 महीनो में भारत के सभी पडोसी मुल्को से रिश्ते सुधरने लग जाये,
जब 3 महीनो में हमारी हिन्दू नगरी काशी को स्मार्ट सिटी बनाने जैसा प्रोजेक्ट पास हो जाये,
जब 3 महीनो में विकास दर 2 साल में सबसे ज्यादा हो जाये,
जब इराक से हजारो भारतीयों को सही सलामत वतन वापसी हो जाये!

तो भाई अछे दिन कैसे नहीं आये???

वो रस्सी आज भी संग्रहालय में है जिस्से गांधी बकरी बांधा करते थे
किन्तु वो रस्सी कहां है जिस पे भगत सिंह, सुखदेव और राजगुरु हसते हुए झूले थे?
हालात-ए-मुल्क देख के रोया न गया,
कोशिश तो की पर मूंह ढक के सोया न गया
देश मेरा क्या बाजार हो गया है ...
पकड़ता हु तिरंगा तो लोग पूछते है कितने का है...
वर्षों बाद एक नेता को माँ गंगा की आरती करते देखा है,
वरना अब तक एक परिवार की समाधियों पर फूल चढ़ते देखा है।
वर्षों बाद एक नेता को अपनी मातृभाषा में बोलते देखा है,
वरना अब तक रटी रटाई अंग्रेजी बोलते देखा है।
वर्षों बाद एक नेता को Statue Of Unity बनाते देखा है,
वरना अब तक एक परिवार की मूर्तियां बनते देखा है।
वर्षों बाद एक नेता को संसद की माटी चूमते देखा है,
वरना अब तक इटैलियन सैंडिल चाटते देखा है।
वर्षों बाद एक नेता को देश के लिए रोते देखा है,
वरना अब तक "मेरे पति को मार दिया" कह कर वोटों की भीख मांगते देखा है।

पाकिस्तान को घबराते देखा है,
अमेरिका को बतियाते देखा है।
इतने वर्षों बाद भारत माँ को खुलकर मुस्कुराते देखा है।
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मेरी बेटी थोड़ी सी बड़ी हो गई!

मेरी बेटी थोड़ी सी बड़ी हो गई है
कुछ जिद्दी, कुछ नक् चढ़ी हो गई है
मेरी बेटी थोड़ी सी बड़ी हो गई है

अब अपनी हर बात मनवाने लगी है
हमको ही अब वो समझाने लगी है
हर दिन नई नई फरमाइशें होती है
लगता है कि फरमाइशों की झड़ी हो गई है
मेरी बेटी थोड़ी सी बड़ी हो गई है

अगर डाटता हूँ तो आखें दिखाती है
खुद ही गुस्सा करके रूठ जाती है
उसको मनाना बहुत मुश्किल होता है
गुस्से में कभी पटाखा कभी फूलझड़ी हो गई है
मेरी बेटी थोड़ी सी बड़ी हो गई है

जब वो हसती है तो मन को मोह लेती है
घर के कोने कोने मे उसकी महक होती है
कई बार उसके अजीब से सवाल भी होते हैं
बस अब तो वो जादू की छड़ी हो गई है
मेरी बेटी थोड़ी सी बड़ी हो गई है

घर आते ही दिल उसी को पुकारता है
सपने सारे अब उसी के संवारता है
दुनियाँ में उसको अलग पहचान दिलानी है
मेरे कदम से कदम मिलाकर वो खड़ी हो गई है
मेरी बेटी थोड़ी सी बड़ी हो गई है