एक जाता हुआ साल....
कुछ बीते हुए लम्हे....
चंद बिसरे हुए पल छिन...
कुछ खट्टी मीठी यादें......
चंद सोंधी सोंधी बातें....
कुछ ज़िन्दगियों का जाना.....
चंद बिछड़ों का मिल जाना....
कुछ कड़वे कड़वे बोल....
चंद मीठी मीठी बातें...
कुछ जीवन के कटु अनुभव....
चंद जीवन के सफल अनुभव....
कुछ को उनकी मोहब्बतों का मिलना...
चंद की वफाओं का बिछड़ना और टूटना..
और..... आखिर में...
हर बनते बिगड़ते.... टूटते सम्भलते... मिलते बिछड़ते.... रोते बिलखते.... समय के पलों के साथ....
अपने भगवान पर अगाध विश्वास....
जाते हुए पलों को सलाम -दिल से.....
आने वाले पलों का स्वागत -दिल से...
गौरव!
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